Friday, March 20, 2026

किताब गज़ल अभिलाषा मोटिवेशनल

अभिलाषा की लौ दिल में जलाए रखना
अंधेरों में भी खुद को जगमगाए रखना।

राहें भले ही कांटों से भरी क्यों न हों
कदम हौसलों से बढ़ाए रखना।

हर हार सिखाती है जीत का रास्ता
ये सोच कर खुद को समझाए रखना।

मंज़िल खुद ही झुक जाएगी एक दिन
बस सपनों की सच्चाई बनाए रखना।

गिरकर संभलना ही असली पहचान है
अभिलाषा को अपनी ताकत बनाए रखना।

डॉ चन्द्रपाल राजभर 

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